सुप्रीम कोर्ट ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को तीन महीने में ‘112’ इमरजेंसी हेल्पलाइन पूरी तरह लागू करने का आदेश दिया है। कोर्ट ने कहा कि ट्रॉमा केयर का अधिकार भी नागरिकों के जीने के अधिकार का हिस्सा है। साथ ही गुड समैरिटन शिकायत निवारण व्यवस्था शुरू करने को भी कहा गया है। जस्टिस जेके माहेश्वरी और एएस चंदूरकर की बेंच ने यह आदेश सेव लाइफ फाउंडेशन की याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया। कोर्ट ने कहा कि हादसे के बाद इलाज में देरी होने पर मरीज के बचने की संभावना कम होती जाती है। इसलिए इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम मजबूत होना जरूरी है। कोर्ट ने राज्यों को नियमित समीक्षा बैठ