आज शिवरात्रि है। गोमुख और हरिद्वार से कांवड़ लेकर अपने गंतव्य तक पहुंचे कांवड़िये महादेव का जलाभिषेक करने के लिए आतुर हैं। उनके चेहरे पर न किसी तरह की थकावट दिख रही और न नींद।