मूल रूप से मुजफ्फरनगर के पचैंडा गांव और चंडीगढ़ के राम दरबार निवासी सतपाल उर्फ सत्तू ने शातिराना अंदाज से कई किशोरियों का अपहरण कर यौन उत्पीड़न किया। नौकरी की चाह रखने वाले परिवारों के बीच वह खुद को फौजी बताता था।