‘अगर आप सोच रहे होंगे कि मैं बिहार छोड़ दूंगा। ये बिल्कुल नहीं होगा। बिहार सुधारने की जिद के आगे कुछ भी नहीं है। दोगुनी मेहनत करके पूरी ताकत से लगेंगे। जब तक बिहार को सुधारने के अपने संकल्प को पूरा न कर लें पीछे हटने का सवाल ही नहीं है।’ विधानसभा चुनाव में मिली करारी हार के बाद जनसुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने ये बात कही थी। तब 238 सीट पर कैंडिडेट उतारने वाले प्रशांत किशोर के 236 यानी 99 फीसदी कैंडिडेट की जमानत जब्त हो गई थी। अब चुनाव के 6 महीने बाद प्रशांत किशोर हार के आस्पेक्ट का अध्ययन करने के बाद एक बार फिर से ग्राउंड पर अपनी सियासी पकड़ मजबूत बनाने की जुगत में जुट गए हैं। इ