सुप्रीम कोर्ट ने ठोस कचरा प्रबंधन नियम के पालन पर राज्यों की रिपोर्ट आने के बाद सुनवाई की। कोर्ट ने कहा कि कचरे की अवैध ट्रांसपोर्ट और अवैध डंपिंग करने वालों की पहचान की जाए। जिला कलेक्टरों को निर्देश दिए कि ऐसे वाहनों और उनके मालिकों या ऑपरेटरों पर सख्त कार्रवाई करें। कोर्ट ने कहा कि हर जिले की वेबसाइट पर ठोस कचरा प्रबंधन के लिए अलग पेज बनाया जाए। कलेक्टर इस पेज पर कचरा प्रबंधन की मौजूदा स्थिति, किए जा रहे सुधार और पुराने कचरे की तस्वीरें अपलोड कराएंगे और रिपोर्ट देंगे। सालों से जमा पुराने कचरे के निपटारे की समयसीमा नहीं बढ़ेगी। जस्टिस पंकज मित्तल और जस्टिस एसवीएन की