संसद में आज विदेशी चंदे से जुड़ा फॉरेन कॉन्ट्रिब्यूशन (रेगुलेशन) संशोधन बिल यानी FCRA 2026 पेश हो सकता है। FCRA कानून यह तय करता है कि भारत में कौन-से NGO, ट्रस्ट, धार्मिक या सामाजिक संगठन विदेश से पैसा (डोनेशन) ले सकते हैं और उसका इस्तेमाल कैसे करेंगे। इसका मकसद है कि विदेशी धन का उपयोग देश की सुरक्षा या सार्वजनिक हित के खिलाफ न हो। 20 जुलाई से शुरू हुए मानसून सत्र में अब तक लोकसभा का प्रश्नकाल ठीक से नहीं चल पाया है। हंगामे के बीच पांच विधेयक बिना चर्चा के पास हो चुके हैं। उधर विपक्ष नीट पेपर लीक और राम मंदिर चढ़ावा चोरी को लेकर लगातार हंगामा कर रहा है। पीएम नरेंद्र मोदी शुक्रवार को सुबह 9
लोकसभा में चंदे से जुड़ा बिल पेश हो सकता है:विपक्ष का नीट पेपर लीक पर हंगामा; PM मोदी नए सांसदों से ब्रेकफास्ट पर करेंगे मुलाकात
संसद में आज विदेशी चंदे से जुड़ा फॉरेन कॉन्ट्रिब्यूशन (रेगुलेशन) संशोधन बिल यानी FCRA 2026 पेश हो सकता है। FCRA कानून यह तय करता है कि भारत में कौन-से NGO, …
