18 अप्रैल 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्र के नाम संबोधन किया था, जिसे देश के कई जाने माने लोगों ने आदर्श आचार संहिता का घोर उल्लंघन बताया है.