केरलम के सबरीमाला मंदिर सहित अन्य संप्रदायों के धार्मिक स्थलों में महिलाओं के साथ होने वाले भेदभाव से जुड़ी याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट में मंगलवार को 9वें दिनसुनवाई हुई। कोर्ट ने कहा कि धार्मिक कामों के नाम पर सड़कें ब्लॉक नहीं की जा सकतीं। कोर्ट ने कहा कि किसी संप्रदाय को पूजा के तरीके में ऑटोनॉमी है और वह उसके धार्मिक मामलों पर फैसला नहीं दे सकता। लेकिन अगर कोई सेक्युलर काम प्रभावित हो रहा है, तो सरकार दखल दे सकती है। हिंदू धर्म आचार्य सभा की ओर से पेश वकील अक्षय नागराजन ने कहा कि सरकार आर्टिकल 25(2)(a) के तहत आधार बताकर किसी धार्मिक पंथ के अधिकारों में दखल नहीं दे सकती। संव
धार्मिक प्रथाओं के नाम पर सड़कें ब्लॉक नहीं कर सकते:सबरीमाला केस में सुप्रीम कोर्ट बोला- सेक्युलर काम प्रभावित हो तो सरकार दखल दे सकती है
केरलम के सबरीमाला मंदिर सहित अन्य संप्रदायों के धार्मिक स्थलों में महिलाओं के साथ होने वाले भेदभाव से जुड़ी याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट में मंगलवार को 9वें द…
