पेज़ेश्कियान ने कहा, 'हम लड़ेंगे और जंग की मुश्किलों को भी स्वीकार करेंगे. क्रांति के नेता जो भी फ़ैसला करेंगे, हम अंत तक उसके साथ खड़े रहेंगे.'