वैज्ञानिकों का कहना है कि हम अभी भी विकसित हो रहे हैं. लेकिन जीन एडिटिंग जैसी नई तकनीकों के साथ आगे चलकर हमारा रूप अप्रत्याशित तरीके से बदल सकता है.